व्हाइट हाउस बोला– ईरान से बातचीत ‘सकारात्मक’, होर्मुज़ तनाव के बीच समझौते की उम्मीद बरकरार

Strait of Hormuz को लेकर जारी तनाव के बीच व्हाइट हाउस ने कहा है कि ईरान के साथ अमेरिका की बातचीत “सकारात्मक और लगातार जारी” है। व्हाइट हाउस प्रेस सचिव Karoline Leavitt ने मीडिया से बातचीत में स्पष्ट किया कि वार्ता कई स्तरों पर चल रही है और अगले दौर की प्रत्यक्ष बैठक को लेकर भी चर्चा जारी है।
लेविट ने उन खबरों को खारिज किया जिनमें दावा किया गया था कि वॉशिंगटन ने मौजूदा संघर्षविराम को बढ़ाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि फिलहाल अमेरिका पूरी तरह बातचीत में सक्रिय है और समझौते की संभावनाओं को लेकर प्रशासन आश्वस्त महसूस कर रहा है। हालांकि उन्होंने यह भी साफ किया कि किसी भी नई बैठक की आधिकारिक पुष्टि केवल व्हाइट हाउस ही करेगा।
व्हाइट हाउस ने इस पूरी प्रक्रिया में पाकिस्तान की मध्यस्थ भूमिका की खुलकर सराहना की। करोलिन लेविट ने कहा कि पाकिस्तान इस समय एकमात्र प्रमुख मध्यस्थ के रूप में काम कर रहा है और यदि अगला दौर तय होता है तो उसके इस्लामाबाद में ही होने की प्रबल संभावना है, ताकि वार्ता की निरंतरता बनी रहे।
सुरक्षा मोर्चे पर अमेरिका ने साफ किया कि ईरान से जुड़े पोर्ट्स के लिए जाने वाले जहाजों पर निगरानी और अवरोध की नीति जारी रहेगी, जबकि अन्य देशों के बंदरगाहों के लिए जाने वाले जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित की जा रही है। होर्मुज़ जलडमरूमध्य वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति का बेहद अहम मार्ग है, इसलिए यहां की स्थिति वार्ता की दिशा तय करने में बड़ी भूमिका निभा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि होर्मुज़ में स्थिरता और ईरान के साथ संभावित समझौता वैश्विक ऊर्जा बाजारों, एशिया-यूरोप सप्लाई चेन और पश्चिम एशिया की सुरक्षा पर सीधा असर डालेगा। ऐसे में आने वाले 48 घंटे कूटनीतिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं।



